शिमला। हिमाचल प्रदेश में पंचायतीराज संस्थाओं के चुनाव के लिए पहले चरण का मतदान दोपहर 3 बजे समाप्त हो गया है। लोकतंत्र के इस जमीनी पर्व में जहाँ जनता ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया, वहीं कई जगहों से हंगामे, तीखी नोकझोंक और मारपीट की खबरें भी सामने आईं।
ऊना के बीटन और नालागढ़ के दून में मतदान केंद्रों पर माहौल इस कदर गरमाया कि कुछ समय के लिए वोटिंग प्रक्रिया को रोकना पड़ा। हालांकि, पुलिस की मुस्तैदी के चलते समय रहते स्थिति पर काबू पा लिया गया और राहत की बात यह रही कि इन हिंसक झड़पों में किसी को गंभीर चोट नहीं आई।
ऊना जिले के हरोली विधानसभा क्षेत्र के तहत आने वाली बीटन पंचायत में चुनावी रंजिश के चलते माहौल अचानक तनावपूर्ण हो गया। यहाँ मतदान प्रक्रिया के दौरान दो उम्मीदवारों के बीच किसी बात को लेकर मतभेद शुरू हुआ।
देखते ही देखते विवाद इतना बढ़ गया कि दोनों उम्मीदवारों के समर्थक पोलिंग बूथ के भीतर ही आपस में भिड़ गए और उनके बीच जमकर हाथापाई हुई। पोलिंग स्टेशन के अंदर बवाल होता देख वहां तैनात पुलिस कर्मियों ने तुरंत मोर्चा संभाला और बीच-बचाव कर उपद्रवियों को शांत कराया, जिसके बाद दोबारा मतदान शुरू हो सका।
उधर, नालागढ़ के दून विधानसभा क्षेत्र के शीतलपुर बूथ पर भी भारी अफरा-तफरी का माहौल देखने को मिला। यहाँ पोलिंग बूथ के बाहर लगी लंबी कतार में अचानक धक्कामुक्की शुरू हो गई।
देखते ही देखते इस धक्कामुक्की ने हिंसक रूप ले लिया और दो गुटों के लोग आपस में भिड़ गए। बवाल इतना बढ़ गया कि सुरक्षा के मद्देनजर प्रशासनिक अधिकारियों को कुछ देर के लिए मतदान रोकना पड़ा। मौके पर मौजूद अतिरिक्त पुलिस बल ने तुरंत स्थिति को संभाला और माहौल शांत होने के बाद ही वोटिंग दोबारा शुरू करवाई गई।
हिंसक झड़पों से इतर, राजधानी शिमला के रामपुर स्थित ब्रांदली में एक बेहद अलग और तकनीकी विवाद सामने आया। यहाँ स्थानीय लोगों और एजेंटों ने आरोप लगाया कि मतदान के लिए सामान्य मुहर की जगह 'नोटा (NOTA)' स्टैंप का इस्तेमाल किया जा रहा है।
इस गंभीर आरोप के बाद मतदान केंद्र पर भारी हंगामा शुरू हो गया और सुबह से ही वोटिंग प्रक्रिया पूरी तरह ठप्प रही। इस विवाद के कारण अपना प्रधान और प्रतिनिधि चुनने आए ग्रामीणों को दिनभर तेज धूप में खड़े रहकर वोटिंग शुरू होने का इंतजार करना पड़ा, जिससे मतदाताओं में भारी रोष देखा गया।
फिलहाल, 3 बजे मतदान का समय खत्म होने के बाद अब सभी संवेदनशील बूथों पर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है और मतों की गिनती की प्रक्रिया शुरू की जा रही है।