ऋषि महाजन/नूरपुर। मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने केंद्र सरकार पर मनरेगा जैसी जनहितकारी योजना को नाम बदलकर धीरे-धीरे समाप्त करने का आरोप लगाया है।
इंदौरा उत्सव के दौरान जनसभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि मनरेगा गांव, गरीब और मजदूर वर्ग के लिए जीवन रेखा रही है और इसे कमजोर करना सीधे तौर पर गरीबों से रोजगार छीनने जैसा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि कोरोना काल के दौरान जब देशभर में रोजगार के साधन बंद हो गए थे, उस समय मनरेगा के माध्यम से लाखों गरीब परिवारों के घरों में चूल्हा जल सका।
यह योजना ग्रामीण अर्थव्यवस्था की रीढ़ साबित हुई, लेकिन अब केंद्र की भाजपा सरकार इसे खत्म करने की दिशा में कदम बढ़ा रही है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि मनरेगा का नाम बदलना इसका पहला चरण है, जिसे कांग्रेस सरकार कभी स्वीकार नहीं करेगी।
मुख्यमंत्री सुक्खू ने कहा कि मनरेगा के तहत गांवों में स्थानीय स्तर पर रोजगार मिलता था, जिससे ग्रामीणों का पलायन भी रुका। अब इस योजना को कमजोर कर ग्रामीण जनता को उनके संवैधानिक अधिकारों से वंचित किया जा रहा है। प्रदेश सरकार मनरेगा और गरीबों के हक की रक्षा के लिए हर मंच पर संघर्ष करती रहेगी।
नशे के खिलाफ सरकार की नीति पर बोलते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब से सटे हिमाचल के सीमावर्ती क्षेत्रों में चिट्टा जैसी घातक नशे की समस्या गंभीर बनी हुई है, जिसमें इंदौरा क्षेत्र भी शामिल है।
उन्होंने दो टूक कहा कि कांग्रेस सरकार ने नशे को जड़ से खत्म करने का संकल्प लिया है। इसमें कोई भी दोषी नहीं बचेगा, चाहे वह किसी भी राजनीतिक दल से जुड़ा हो या कितना ही प्रभावशाली क्यों न हो। नशे से अर्जित संपत्तियों को जब्त कर कुर्क किया जाएगा।
शिक्षा व्यवस्था पर बात करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार सरकारी स्कूलों को चरणबद्ध तरीके से सीबीएसई से जोड़ने जा रही है और शिक्षकों की नई भर्तियां भी की जाएंगी, ताकि विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिल सके।
मुख्यमंत्री ने इंदौरा के विधायक की सराहना करते हुए कहा कि वे क्षेत्र की समस्याओं को विधानसभा और सरकार के समक्ष प्रभावी ढंग से उठाते हैं और कांग्रेस सरकार उनके समाधान के लिए गंभीर प्रयास कर रही है।
इस अवसर पर कृषि मंत्री चंद्र कुमार, प्लानिंग बोर्ड के अध्यक्ष भवानी पठानियां, विधायक मलेंद्र राजन, पूर्व विधायक अजय महाजन , करण पठानिया भी उपस्थित रहे। इस अवसर पर हार्मनी ऑफ पाईंस हिमाचल पुलिस बैंड व सूफी गायक लखविंदर वडाली ने अपने गीतों से लोगों को समा बांध दिया।