शिमला। हिमाचल प्रदेश के लिए यह अत्यंत गर्व और सम्मान का विषय है कि जिला शिमला के ठियोग उपमंडल के बलसन क्षेत्र के देवठी गाँव के प्रतिभाशाली खिलाड़ी अरनव चौहान का चयन भारतीय अंडर-18 वॉलीबॉल टीम में हुआ है।
अरनव आगामी 1 जुलाई से 11 जुलाई 2026 तक चीन के शांगलू में आयोजित होने वाली 'ISF अंडर-18 वॉलीबॉल विश्व चैंपियनशिप' में भारतीय टीम का प्रतिनिधित्व करेंगे। इस अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता के लिए वह वर्तमान में 29 जून तक नागपुर में आयोजित राष्ट्रीय प्रशिक्षण शिविर (ट्रेनिंग कैंप) में भाग ले रहे हैं।
राकेश चौहान के पुत्र अरनव चौहान ने अपनी प्रारंभिक खेल शिक्षा रोहड़ू छात्रावास (हॉस्टल) से प्राप्त की है। ग्रामीण परिवेश और सीमित संसाधनों के बावजूद अपने अथक परिश्रम, अनुशासन और खेल के प्रति समर्पण के बल पर वह इससे पहले भी चार बार राष्ट्रीय स्तर (नेशनल) पर हिमाचल प्रदेश का प्रतिनिधित्व कर चुके हैं। हर बार उन्होंने अपने शानदार प्रदर्शन से खेल विशेषज्ञों का ध्यान आकर्षित किया है।
अरनव की इस ऐतिहासिक सफलता के पीछे उनके कोचों और खेल विभाग का मार्गदर्शन रहा है:
देवेंद्र चौहान (अंतरराष्ट्रीय वॉलीबॉल प्रशिक्षक): उनके मार्गदर्शन और तकनीकी प्रशिक्षण ने अरनव के खेल कौशल को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया।
सतीश शर्मा (अंतरराष्ट्रीय वॉलीबॉल प्रशिक्षक): शिमला के इंदिरा गांधी खेल परिसर (इंडोर स्टेडियम) में उन्होंने अरनव को उच्च स्तरीय तकनीकी मार्गदर्शन और प्रशिक्षण दिया।
संतोष चौहान (स्पोर्ट्स डिप्टी डायरेक्टर, खेल विभाग): उनके कुशल मार्गदर्शन और खेल विभाग के सहयोग ने अरनव को इस मुकाम तक पहुँचाने में बड़ी भूमिका निभाई।
अरनव चौहान की इस उपलब्धि पर प्रदेश के विभिन्न प्रशासनिक, शैक्षणिक और खेल अधिकारियों ने खुशी जाहिर करते हुए उन्हें उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दी हैं:
आशीष कोहली (IAS, शिक्षा निदेशक, हिमाचल प्रदेश): उन्होंने कहा कि प्रदेश के विद्यार्थियों की खेल उपलब्धियाँ यह सिद्ध करती हैं कि हिमाचल के युवा राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवा रहे हैं।
डॉ. अमरजीत सिंह (महासचिव, स्कूल गेम्स फेडरेशन ऑफ इंडिया): उन्होंने अरनव को विश्व चैंपियनशिप में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने के लिए प्रोत्साहित किया।
सुरेंद्र शर्मा (टेक्निकल ऑफिसर) व ललित चौहान (अध्यक्ष, हिमाचल प्रदेश शारीरिक शिक्षक संघ): उन्होंने भी अरनव को इस महत्वपूर्ण उपलब्धि पर बधाई दी।
खेल विशेषज्ञ (राजेश शर्मा, प्रदीप सावंत और जितेश्वर दत्ता): इन शारीरिक शिक्षकों का मानना है कि अरनव की सफलता इस बात का प्रमाण है कि सही मार्गदर्शन और उचित अवसर मिलने पर हिमाचल के युवा अंतरराष्ट्रीय मंच पर भी अपनी विशिष्ट पहचान बना सकते हैं।
अरनव की इस बड़ी उपलब्धि से पूरे प्रदेश में खुशी का माहौल है। शिक्षा विभाग, खेल विभाग, खेल प्रेमियों और प्रदेशवासियों ने उन्हें विश्व चैंपियनशिप के लिए हार्दिक शुभकामनाएं देते हुए उनके शानदार प्रदर्शन की कामना की है।