देहरा। हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिला के देहरा में मुबारकपुर-रानीताल नेशनल हाईवे-503 पर वीरवार को एक दिल दहला देने वाला वाकया सामने आया। ढलियारा के बेहद खतरनाक और 'खूनी' कहलाने वाले तीखे मोड़ों पर अमरनाथ यात्रा पर जा रही एक निजी बस के अचानक ब्रेक फेल हो गए।
इस बस में कुल 49 श्रद्धालु सवार थे। मौत को इतने करीब देखकर भी बस चालक ने अपना आपा नहीं खोया और अपनी अदम्य सूझबूझ व फुर्ती से एक बहुत बड़ी त्रासदी को होने से टाल दिया।
राजस्थान के जयपुर से अमरनाथ यात्रा के लिए श्रद्धालुओं का यह जत्था रवाना हुआ था। वीरवार को जब उनकी बस ढलियारा के खतरनाक मोड़ों से गुजर रही थी, तभी अचानक उसके ब्रेक ने काम करना बंद कर दिया। बेहद खौफनाक और तनावपूर्ण पलों में भी ड्राइवर ने धैर्य रखा।
उसने शिव मंदिर वाले तीखे मोड़ से ठीक पहले बस को सड़क किनारे मौजूद एक खाली और खुली जगह की तरफ मोड़ दिया। बस वहीं जाकर सुरक्षित रुक गई। अगर चालक चंद सेकेंड की भी देरी करता, तो अगले ही तीखे मोड़ पर अनियंत्रित बस सीधे गहरी खाई में गिर सकती थी।
गनीमत यह रही कि इस हादसे में किसी भी यात्री को खरोंच तक नहीं आई। बस को मामूली नुकसान पहुंचा है। सुरक्षित बचने के बाद यात्रियों ने राहत की सांस ली और भगवान भोलेनाथ का आभार जताते हुए ड्राइवर की जमकर तारीफ की। यात्रियों के इस दल की कुल 4 बसें एक साथ अमरनाथ यात्रा के लिए निकली हैं।
ढलियारा का यह मार्ग अपने खतरनाक मोड़ों और ढलानों के लिए कुख्यात है। हालांकि नेशनल हाईवे अथॉरिटी (एनएचएआई) ने यहां ड्राइवरों को सचेत करने के लिए चेतावनी वाले सांकेतिक बोर्ड लगा रखे हैं, लेकिन फिर भी यहां दुर्घटनाएं रुकने का नाम नहीं ले रही हैं। बीते एक हफ्ते के भीतर इसी जगह पर यह तीसरी घटना है, जिसने इस पूरे रूट की सुरक्षा व्यवस्था पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
"ढलियारा मार्ग से गुजरते समय विशेष सावधानी बरतें। ढलान पर हमेशा अपने वाहन की गति को नियंत्रित रखें और यातायात नियमों का कड़ाई से पालन करें ताकि ऐसे हादसों से बचा जा सके।"- संदीप धवल, एसपी देहरा